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Category : Poems

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रुपिये बतावेला रुपिया क ताकत ।
रुपिये मोहब्बत क दर्जा गिनावत ।
रुपिये बतावेला के हउवे आपन ।
के हव बेगाना आ केके जरापन ।
ई बहुतै बड़ा मरकहा हउवे बाबू ।
ई रुपिया बड़ा बतकहा हउवे बाबू ।

रुपिये ह बाऊ के मोछि क शान ।
मेहरी के माथे क सेन्हुर बखान ।
रुपिये से माथे प मउर बन्हाला ।
गाढ़े में दाम लेहि दुलहा बिकाला ।
बिना कतल क असलहा हउवे बाबू ।
ई रुपिया बड़ा बतकहा हउवे बाबू ।

रुपिया ह सरहज क मीठा चिकोटी ।
ना मिली त गाल साली बकोटी ।
रुपिये ह गोती दयादन क भाषा ।
सबके सटावेला पजरे जस लासा ।
कुक्कुर से बड़ कटहा हउवे बाबू ।
ई रुपिया बड़ा बतकहा हउवे बाबू ।

भउजी के फूलल ई नाक पचकावे ।
बहिनी के राखी क कीमत चुकावे ।
ससुरार वालन क हउवे दुलरुआ ।
एहि  के  बेर  बेर  पुछेले  फुआ ।
खिस्सा एकर अनकहा हउवे बाबू ।
ई रुपिया बड़ा बतकहा हउवे बाबू ।

बाऊ के तेरहीं में जामुन बटउली ।
चच्चा में बुनिया खियाय टरकउली ।
के हउवे आपन ई जामुन चिन्हउलस ।
लइका न चच्चा के बुनिया बतउलस ।
आपन न केहू इहाँ हउवे बाबू ।
ई रुपिया बड़ा बतकहा हउवे बाबू ।

एहि में जिनगी हेराइल हव आपन ।
जुटावे में एके चिन्हाइल सब आपन ।
बाय बरियार जस दस दस गो हाथी ।
परिचय करउलस के आपन संघाती ।
एकरे बिना कुछ कहाँ हउवे बाबू ।
ई रुपिया बड़ा बतकहा हउवे बाबू ।

✍️ धीरेन्द्र पांचाल

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