बारिश और जिंदगी Read Count : 11

Category : Articles

Sub Category : Motivation
 बड़े दिनो बाद आज रिमझिम सी बारिश होने लगी हैं मेरे छोटे से गांव में
बादल काले काले घनघोर हो रहे हैं जैसे मानो सुकून को कही से अपने साथ लाए हैं
बिजली भी कभी कभी अपनी अचानक दस्तक से मेरे होस उड़ा रही हैं जैसे मानो मुझसे बार बार कुछ कहना चाहती हैं
मां जलती हुई सिगड़ी पे रात का खाना बना रही हैं
इस मनमोहक दृश्य को देख कर में बस एक अलग सी शांति में कही कल्पनाओं में खो गया हूं
समय ने शायद कुछ कुछ अपनी रफ्तार में थोड़ी राहत ली हैं मानो जैसे सबकुछ बदलने वाला हैं
 ऐसा लग रहा हैं कि घर का आंगन मानो इस बारिश के इंतजार में था आज उससे मिलके इसके भी सारे गम धूल गए हो
थोड़ा थोड़ा अंधेरा इस शांति के साथ घुल मिल रहा हैं
बारिश की रिमझिम बूंदे की टप टप आवाज पूरे घर में जैसे संगीत की तरह गूंज उठी हैं
बस हैं तो एक राहत जो मुझे इतने दिनो बाद मिली हैं
रात होने को आई हैं ऐसा लग रहा हैं की बारिश सभी मेरे सारे दुखो से लड़ रही हैं इस दृश्य को महसूस करके मेरी आंखों ने तसल्ली की चादर ओढ़ कर एक राहत की नीद में डुबकी लगाई 
रात भर इस लड़ाई के बाद मेरी आंखों पर चमकीली सी रौशनी टकराई 
 उम्मीद और उमंग से भरा भोर हुआ हैं जैसे मानो एक बच्चे का जन्म हुआ हैं
जिसे देख कर एक नए हौसले से मेरी पहचान हुई 
और ये बारिश मुझे फिर एक दफा जिंदगी से मिलवा के चली गई


Comments

  • Jul 15, 2021

Log Out?

Are you sure you want to log out?